Breaking News

ह्रदयारोग निवारण के लिए रामबाण है हिमालयीन लहसून का उपयोग 

Advertisements

ह्रदयारोग निवारण के लिए रामबाण है हिमालयीन लहसून का उपयोग

Advertisements

 

टेकचंद्र सनोडिया शास्त्री: 9822550220

Advertisements

 

नई दिल्ली। प्राचीनतम भारतीय वनौषधीय आयुर्विज्ञान के अनुसार हिमालयीन लहसून जो सेहत को अनगिनत लाभ भी पहुंचाता है। लेकिन अगर आपको लहसुन की एक दुर्लभ किस्म के बारे में पता होगा तो आप इसके और भी अधिक फायदे पा सकते हैं। हम बात कर रहे हैं हिमालयन स्नो माउंटेन लहसुन की, जिसकी कली रेगुलर लहसुन की कली से छोटी होती है लेकिन फायदे अधिक होते हैं। यह अत्यधिक ऊंचाई (18,000 फीट से ऊपर) पर उगती है, जो इसे दुर्लभ बनाता है। क्योंकि यह कठोर परिस्थितियों में उगता है, ऐसे में यह खुद को प्रोटेक्ट करने के लिए अधिक एलिसिन और एंटीऑक्सीडेंट विकसित करता है। और जब हम इसे खाते हैं तो वहीं यौगिक हमारी रक्षा भी करते हैं।

यह वीनर्स नक़ली टूटे फूटे मुस्कान से 300 गुना बेहतर है! और कीमत बहुत सस्ती है

क्या होता है खास

​न्यूट्रिशनिस्ट लीमा महाजन ने बताया, इस हिमालयन स्नो माउंटेन लहसुन में अधिक एंटीऑक्सीडेंट और 20 गुना अधिक एलिसिन होता है, जो लहसुन का हीरो कम्पाउंड होता है। इसका मतलब है यह आपको बेहतर हार्ट हेल्थ, बेहतर जोड़ों के दर्द से राहत, बेहतर इम्युनिटी पाने और सूजन को कम करने में मदद करता है। साथ ही इसमें एक अतिरिक्त लाभ भी होता है। इसमें एस-मिथाइल सिस्टीन की मौजूदगी होती है, जो रेगुलर लहसुन में नहीं पाया जाता है। यह ब्लड शुगर लेवल में सुधार करने में मदद करता है।

एलिसिन-इसमें 20 गुना अधिक एलिसिन पाया जाता है जो कोलेस्ट्रॉल को कम करने में मदद करता है और हार्ट हेल्थ का समर्थन करता है।एस-मिथाइल सिस्टीन- हिमालयन स्नो माउंटेन लहसुन में एस-मिथाइल सिस्टीन मौजूद होता है, जो सामान्य लहसुन में नहीं पाया जाता। यह लीवर के स्वास्थ्य, शुगर कंट्रोल और सूजन को कम करने में मदद करता है।

एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर- यह लहसुन एंटीऑक्सीडेंट से भी भरपूर होता है, जो इम्यूनिटी को बढ़ाता है, संक्रमण से बचाता है और उम्र बढ़ने को धीमा करता है।

अध्ययनों में सबूत मिले हैं कि यह कोलेस्ट्रॉल, ब्लड शुगर और जोड़ों की सूजन के लिए बेहतर काम करता है। जिस वजह से आप इसके फायदों के लिए इसे डाइट में शामिल कर सकते हैं।

अब सबसे बड़ी बात ये है कि इसका सेवन कैसे किया जाए। इसके फायदों को पाने के लिए आप सुबह खाली पेट इसका सेवन कर सकते हैं। न्यूट्रिशनिस्ट ने बताया आप रोजाना खाली पेट एक कच्ची कली गर्म पानी के साथ खाएं। यह अत्यधिक गुणकारी है, इसलिए रोजाना 1 कली काफी है।

ये लहसुन बेहद फायदेमंद है, लेकिन कुछ लोगों को इसके सेवन से बचना चाहिए, जिनमें शामिल हैं:वो लोग खून पतला करने वाली दवाइयां ले रहे हैं।

जिन्हें लो ब्लड प्रेशर की शिकायत है या सर्जरी होने वाली है।

गर्भवती या स्तनपान कराने वाली महिलाओं को इसके सेवन से पहले अपने डॉक्टर से परामर्श करना चाहिए।

 

 

सहर्ष सूचनार्थ नोट्स:-

 

उपरोक्त लेख केवल सामान्य ज्ञान जानकारी के लिए है।हिमालयीन लहसून केवल हिमालय की तराई वाले गांव और शहरों की जडी बूटी दुकानों मे उपलब्ध हो सकती है.फिर भी इसका उपयोग के पहले किसी वनौषधीय विशेषज्ञों से उचित परामर्श जरुरी है.

Advertisements

About विश्व भारत

Check Also

भारतात येणार ‘कॅन्सर’ची लाट : पोट, तोंडाचे कॅन्सररुग्ण सर्वाधिक

बदलती जीवनशैली आणि चुकीच्या सवयींमुळे कर्करोगाचे प्रमाण दिवसेंदिवस वाढतच चालले आहे. दरवर्षी जगभरात एक कोटीहून …

उशी ठरतेय मान-डोकेदुखीचं कारण

शांत झोप प्रत्येकासाठी आवश्यक असते. पण जर तुम्हाला सकाळी उठल्यावर मानेमध्ये जडपणा, खांदेदुखी, डोकेदुखी किंवा …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *