Breaking News

अचानक अकेले होने पर हार्ट अटैक आए तो कैसे करें खुद का बचाव ?

Advertisements

अचानक अकेले होने पर हार्ट अटैक आए तो कैसे करें खुद का बचाव ?

Advertisements

टेकचंद्र सनोडिया शास्त्री:

Advertisements

9822550220

 

नई दिल्ली। भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान के चिकित्सा विशेषज्ञों के अनुसार अगर अकेले में आए हार्ट अटैक तो कौन-से उपायों की जानकारी जानना जरुरी है.

अकेले में आए हार्ट अटैक तो कौन-से उपायों का करें चयन !

हार्ट अटैक की समस्या जो आज के समय हर उम्र के लोगों में काफी गंभीर मसला बना हुआ है । तो वही हार्ट अटैक के बढ़ते मामलों को देखते हुए कुछ लोगों के मन में ये सवाल भी आ रहें होंगे की कैसे हम इस तरह की समस्या से खुद का बचाव कर सकते है, खास कर तब जब हम कई दफा अकेले होते है। तो शुरुआत करते है आर्टिकल की और जानते है हार्ट अटैक से बचाव के तरीके और उपाय करना चाहिए.

हार्ट अटैक की समस्या के कारण क्या है ?

आनुवंशिक कारणों की वजह से हार्ट अटैक की समस्या व्यक्ति में बनी रहती है।

शरीर के वजन का बहुत ज्यादा होना हार्ट अटैक का कारण हो सकता है।

तनाव हार्ट अटैक का अहम कारण हो सकता है।

बहुत ज़्यादा धूम्रपान या तंबाकू का सेवन करना।

साथ ही साथ, अगर आपका कोलेस्ट्रोल बहुत सालों से बड़ा हुआ है और आपके छाती में दर्द बना हुआ होता है, तो आप हार्ट अटैक की समस्या से ग्रस्त हो सकते है।

हार्ट अटैक क्या है ?

दिल का दौरा एक ऐसी स्थिति है, जिसमें आमतौर पर हृदय की मांसपेशियों को रक्त की आपूर्ति करने वाली धमनी पूरी तरह से अवरुद्ध होने के कारण अचानक खून की सप्लाई बंद कर देती है।

इससे हृदय की मांसपेशियों की कोशिकाएं मर जाती है। धमनी में ब्लॉकेज यानी की रुकावट अक्सर प्लाक के जमा होने के कारण होती है, जिसके परिणामस्वरूप कोरोनरी हार्ट डीजिज (सीएचडी) होती है। अगर इस स्थिति को बिना उपचार के छोड़ दिया जाए तो यह किसी भी व्यक्ति के लिए घातक साबित हो सकता है।

वही मायोकार्डियल इंफ्रेक्शन या दिल के दौरे के कारण दिल के टिश्यू को होने वाले नुकसान की गंभीरता अटैक की अवधि पर निर्भर करती है।

अगर आप भी हार्ट अटैक की समस्या से परेशान है तो इससे बचाव के लिए आपको लुधियाना में कार्डियोलॉजिस्ट Cardiologist डॉक्टर का चयन करना चाहिए।

हार्ट अटैक के लक्षण क्या है ?

हार्ट अटैक में व्यक्ति को बहुत ज्यादा पसीना आने लगता है।

शरीर के ऊपरी हिस्से में दर्द की समस्या का बने रहना।

अचानक से चक्कर का आना।

दिल की धड़कन का बढ़ना या कम होना आदि।

यदि आप भी इस तरह के गंभीर संकेतो का सामना कर रहें है तो इससे बचाव के लिए आपको लुधियाना में बेस्ट हार्ट हॉस्पिटल का चयन करना चाहिए।

अकेले में खुद से कैसे करें हार्ट अटैक की समस्या से बचाव ?

यदि आप अकेले रहते है और आपके शरीर में किसी भी तरह की दिक्कत दिखे तो इसके लिए आपको एंबुलेंस या किसी करीबी को फोन करके बुला लेना चाहिए।

यदि आपमें हार्ट अटैक की समस्या नज़र आए तो इसके लिए आपको अपनी जीभ के नीचे सॉर्बिट्रेट एस्पिरिन टैबलेट या क्लोपिडोग्रेल या फिर एटोरवास्टेटिन टेबलेट को रखें। पर ध्यान रहें आपको ये टेबलेट हार्ट अटैक आने के 30 मिनट के अंदर लेना है।

यदि आपमें हार्ट अटैक के लक्षण नज़र आए तो इससे बचाव के लिए आपको लेट जाना है और पैरों के नीचे एक तकिया जरूर रखें।

हार्ट अटैक के लिए बेस्ट हॉस्पिटल ?

यदि आप समय पर हार्ट अटैक की समस्या से निजात पाना चाहते है तो इससे बचाव के लिए आपको दीपक हार्ट इंस्टीट्यूट का चयन करना चाहिए।

 

निष्कर्ष :

हार्ट अटैक की समस्या इतनी खतरनाक होती है की अगर व्यक्ति समय पर इस समस्या का इलाज न करवा ले तो उसकी मौत भी हो सकती है। इसलिए अगर आपमें हार्ट अटैक के लक्षण नज़र आए तो जल्द ही डॉक्टर का चयन करें।

 

आकस्मिक उपाय: अगर आपको अचानक हार्ट अटेक की संभावना महसूस हो रही हो तो आप10 से 15 मिनट तक गहरी और लंबी सांस लेकर छाती और पेट को फुलाइये और पोचा कीजिए.

इसके पश्चात आप अकारण 10 मिनट खांसना शुरु कर दीजिए. इससे आपके शरीर में रक्त प्रवाह शुर हो जाएगा.इसके साथ ही आप 2-3 गिलास गर्म गुणगुणा पानी पीजीए.आर्ट अटैक की समस्या फिलहाल टल सकती है. तत्पश्चात आप हार्ट संबंधित चिकित्सालय मे जांच और उपचार कराने पंहुच जाईए.

Advertisements

About विश्व भारत

Check Also

भारतात येणार ‘कॅन्सर’ची लाट : पोट, तोंडाचे कॅन्सररुग्ण सर्वाधिक

बदलती जीवनशैली आणि चुकीच्या सवयींमुळे कर्करोगाचे प्रमाण दिवसेंदिवस वाढतच चालले आहे. दरवर्षी जगभरात एक कोटीहून …

उशी ठरतेय मान-डोकेदुखीचं कारण

शांत झोप प्रत्येकासाठी आवश्यक असते. पण जर तुम्हाला सकाळी उठल्यावर मानेमध्ये जडपणा, खांदेदुखी, डोकेदुखी किंवा …

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *