उज्जैन मे भगवान कालभैरव का जन्म दिवस हर्षोल्लास पूर्वक मनाया
टेकचंद्र शास्त्री: 9822550220
उज्जैन के भैरवगढ में भगवान काल भैरव का जन्मोत्सव, जिसे काल भैरव जयंती के रूप में भी जाना जाता है, आज 12 नवंबर 2025 को अत्यंत हर्षोल्लास और भक्ति के साथ मनाया जा रहा है। यह त्योहार मार्गशीर्ष मास के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि को मनाया जाता है।
उत्सव के मुख्य आकर्षणों में शामिल हैं:
शहर भर के अष्ट भैरव मंदिरों, विशेषकर मुख्य काल भैरव मंदिर और आताल-पाताल भैरव मंदिर में भक्तों की भारी भीड़ उमड़ रही है।
मध्यरात्रि जन्मोत्सव: मुख्य काल भैरव मंदिर में भगवान का जन्मोत्सव आज मध्यरात्रि 12 बजे मनाया जाएगा, जिसमें शामिल होने के लिए देश-विदेश से हजारों श्रद्धालु उज्जैन पहुंचते हैं।
मंदिर की सदियों पुरानी परंपरा के अनुसार, भगवान काल भैरव की प्रतिमा को मदिरा (शराब) का विशेष भोग लगाया जाता है, जिसे भक्तगण भी प्रसाद के रूप में अर्पित करते हैं।
राजसी सवारी: कल, 13 नवंबर को बाबा काल भैरव की राजसी सवारी निकाली जाएगी, जो नगर भ्रमण पर निकलेगी।
नगर भ्रमण के दौरान बाबा काल भैरव केंद्रीय जेल भैरवगढ़ भी पहुँचेंगे, जहाँ जेल प्रशासन द्वारा पूजा-अर्चना की जाएगी और कैदी उनके दर्शन करेंगे।तीन दिवसीय महोत्सव में महाअभिषेक, भजन-कीर्तन, हवन और कन्या भोज जैसे विभिन्न धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
अन्नकूट और विशेष भोग: प्राचीन 56 भैरव मंदिर में 1100 से अधिक सामग्री का अनूठा अन्नकूट अर्पित किया जाएगा, जिसमें विविध प्रकार की शराब और अन्य भोग सामग्री शामिल होगी।
इन आयोजनों के माध्यम से भक्त भगवान काल भैरव से अपने पापों की मुक्ति और कल्याण की प्रार्थना करते हैं।
विश्वभारत News Website